राघव ने कहा, तुम... यहाँ क्या कर रही हो? काशी कहती है, खाना बन गया है. माँ ने मुझे ...
राघव और काशी गुफा से कबिले की ओर जा ही रहे होते है कि काशी ने पूछते हुए कहा, ...
तभी उनमे से एक ने कहा, "मतलब तुम घुस्पेठिया हो, जो हमारे कबिले मे चुपके से आए हो बताओ ...
राघव मधु के पास जाता है और उन जडो को बिना जोर लगाए हुए धीरे से पकडता है, और ...
काफी दूर चले जाने के बाद मधु ने सांसे भरते हुए कहा, "मुझसे अब और नहीं चला जाएगा मैं ...
कलिंगेश राघव को बताते हुए कहता है, "यहां से कई मिलो दूर काली पहाडी है जोकि खतरों और जादूई ...
कलिंगेश की पत्नी अलीना ने भावुक होकर कहा, "मेरा बेटा हरमीत कुशल योद्धा ही नहीं बल्कि एक अच्छा पिता ...
राघव देखता है कि आग का बहोत बडे गोले जैसी जादुई शक्ति उसकी और बढ रही है. और फिर ...
जहाँ पर इन्हे एक नहीं बल्कि दो जिन्न दिखाई देते है। एक पुरुष जिन्न ओर एक स्त्री जिन्न… जो ...
राघव बोलता है, चलो एक बार जाकर देख लिया जाए क्या है, उस हवेली में? सौरव कहता है, हां ...